
दमोह। विश्व प्रसिद्ध जैन तीर्थ कुंडलपुर को रेल सुविधा से जोड़ने की मांग एक बार फिर जोर पकड़ने लगी है। जैन पंचायत दमोह एवं श्री दिगम्बर जैन धर्मार्थ औषधालय समिति के प्रतिनिधियों ने शुक्रवार को मुख्यमंत्री के नाम वित्तीय स्वीकृति दिलाने की मांग को लेकर एडिशनल कलेक्टर मीना मसराम के माध्यम से ज्ञापन सौंपा। जैन समाज ने बताया कि कुंडलपुर तीर्थ में देश-विदेश से श्रद्धालु भगवान आदिनाथ बड़े बाबा के दर्शन के लिए पहुंचते हैं, लेकिन रेल सुविधा नहीं होने के कारण श्रद्धालुओं को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है।
दो बार सर्वे, 2007 में मिली थी रेलवे की मंजूरी
ज्ञापन में बताया गया कि दमोह-कुंडलपुर नई रेल लाइन का सर्वे दो बार हो चुका है और 07 जुलाई 2007 को भारतीय रेलवे द्वारा स्वीकृति भी दी जा चुकी है, लेकिन राज्य शासन की वित्तीय स्वीकृति नहीं मिलने से परियोजना 17 वर्षों से लंबित पड़ी है।
रेल मंत्री को भी सौंपा जाएगा ज्ञापन
जैन पंचायत अध्यक्ष सुधीर सिंघई ने बताया कि इस मुद्दे को लेकर सांसद के माध्यम से रेल मंत्री को भी ज्ञापन सौंपा जाएगा, ताकि कुंडलपुर तक रेल लाइन का निर्माण संभव हो सके। वहीं समाजसेवी रतन चंद जैन ने कहा कि कुंडलपुर रेल लाइन के लिए पिछले 17 वर्षों से लगातार प्रयास किए जा रहे हैं, केंद्र स्तर से स्वीकृति मिलने के बावजूद राज्य शासन की वित्तीय मंजूरी के अभाव में योजना आगे नहीं बढ़ सकी।
इनकी रही उपस्थिति
ज्ञापन सौंपने के दौरान जैन पंचायत अध्यक्ष सुधीर सिंघई, धर्मार्थ औषधालय समिति अध्यक्ष मनोज जैन मीनू, उपाध्यक्ष रतन चंद जैन, महामंत्री आर.के. जैन सहित बड़ी संख्या में जैन समाज के पदाधिकारी एवं सदस्य मौजूद रहे।




